
पिछले 2 सालों से भड़काऊ भाषण मामले में जेल काट रहे शरजील इमाम को जमानत मिल गई है। दिल्ली की साकेत कोर्ट ने शुक्रवार को जेएनयू के पूर्व छात्र शारजील इमाम को जमानत दे दी है। कोर्ट ने 30 हजार रुपये के निजी मुचलके पर जमानत दी है। हालांकि शरजील को अभी जेल में ही रहना होगा।
CAA के खिलाफ अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी भड़काऊ भाषण देने के मामले में शरजील को साकेत कोर्ट से जमानत मिली है। उन्होंने निचली अदालत में जमानत याचिका दायर की थी।
दिल्ली हाईकोर्ट ने निचली अदालत से सीआरपीसी की धारा 436-ए के तहत राहत की मांग करने वाले शरजील इमाम के आवेदन पर इस आधार पर विचार करने को कहा था कि वो 31 महीने से हिरासत में है। इमाम को अक्टूबर 2021 में साकेत कोर्ट ने नियमित जमानत देने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने कहा था कि उनके भड़काऊ भाषण से समाजिक शांति और सद्भाव पर असर पड़ा था।
जानकारी के मुताबिक, एडिशनल सेशन जज अमिताभ रावत ने फैसला दिया था कि शरजील इमामल पर आईपीसी के सेक्शन 124A (देशद्रोह), 153A, 153B और 505 और UAPA के सेक्शन 13 के तहत केस दर्ज होगा।
बता दें कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में 16 जनवरी 2020 को शरजील ने जो भाषण दिया था उसके लिए उसपर पांच राज्यों में राजद्रोह का मामला दर्ज हुआ था। इसमें दिल्ली के साथ-साथ असम, उत्तर प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश और मणिपुर शामिल था। शरजील को बिहार से गिरफ्तार किया गया था।













